जिला संवाददाता देवेंद्र तिवारी
उन्नाव।।जनपद के अजगैन थाना क्षेत्र में शनिवार को एक हृदयविदारक सड़क हादसे ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया। तेज रफ्तार और सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कारण तीन परिवारों के चिराग बुझ गए। लखनऊ-कानपुर नेशनल हाईवे पर एक अनियंत्रित बाइक लोहे के साइन बोर्ड पोल से टकरा गई, जिससे दो सगे भाइयों सहित तीन युवकों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। मृतकों में से एक युवक महज तीन दिन पहले ही पिता बना था, जिसकी खुशी अब उम्र भर के गम में बदल गई है
रफ्तार ने छीनी खुशियां, लखनऊ जा रहे थे तीनों युवक
हादसा अजगैन कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत चमरौली गांव के पास हुआ। जानकारी के अनुसार, अचलगंज थाना क्षेत्र के कल्याणी गांव निवासी 24 वर्षीय अंकुश अपने छोटे भाई 22 वर्षीय अनुराग और दोस्त 23 वर्षीय सुमित के साथ एक ही बाइक पर सवार होकर लखनऊ जा रहे थे। लखनऊ में उनकी मौसी के घर पर भंडारे का कार्यक्रम आयोजित था, जिसमें शामिल होने के लिए तीनों युवक सुबह घर से बड़े उत्साह के साथ निकले थे।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बाइक की रफ्तार काफी तेज थी। जैसे ही वे चमरौली के पास पहुंचे, अचानक चालक का नियंत्रण बाइक से हट गया और तेज रफ्तार बाइक सड़क किनारे लगे लोहे के एक विशाल साइन बोर्ड के पोल से जा टकराई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक के परखच्चे उड़ गए और तीनों युवक उछलकर काफी दूर जा गिरे।
तीन दिन पहले घर आया था नन्हा मेहमान, अब छाया सन्नाटा
इस हादसे की सबसे दुखद कड़ी अंकुश से जुड़ी है। अंकुश महज तीन दिन पहले ही एक बेटे का पिता बना था। घर में नए मेहमान के आने की खुशियां मनाई जा रही थीं, मिठाइयां बांटी जा रही थीं और परिवार अंकुश के पिता बनने पर जश्न मना रहा था। किसे पता था कि जो पिता अपने नवजात बेटे का चेहरा देखकर भविष्य के सपने बुन रहा था, उसकी अर्थी तीन दिन बाद ही उठ जाएगी। इस घटना के बाद अंकुश की पत्नी और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। नवजात शिशु के सिर से पिता का साया उठने की खबर ने पूरे कल्याणी गांव की आंखों में आंसू ला दिए हैं।
हेलमेट न पहनना पड़ा भारी, मौके पर तोड़ा दम
पुलिस की प्रारंभिक जांच और चश्मदीदों के बयान के अनुसार, तीनों युवकों में से किसी ने भी हेलमेट नहीं पहना हुआ था। टक्कर के बाद तीनों के सिर पर गंभीर चोटें आईं, जो उनकी मौत का मुख्य कारण बनीं। अगर युवकों ने सुरक्षा मानकों का पालन किया होता और हेलमेट पहना होता, तो शायद उनकी जान बच सकती थी। हाईवे पर मौजूद राहगीरों ने तुरंत एंबुलेंस को सूचना दी और पुलिस को बुलाया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। मौके पर पहुंची पुलिस ने तीनों को अस्पताल भिजवाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।



