
संवाददाता इरफान कुरैशी,
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में अपराधियों के आर्थिक साम्राज्य को ध्वस्त करने की कार्रवाई लगातार जारी है। इसी कड़ी में लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट ने गैंगस्टर एक्ट के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए, अपराध जगत से अर्जित की गई 5000 वर्गफुट बेशकीमती भूमि को कुर्क कर लिया है। यह भूमि दुर्दांत अपराधी नीरज यादव उर्फ पुजारी की थी, जिसने इसे अवैध तरीके से हासिल किया था।
पुलिस आयुक्त लखनऊ के निर्देश पर थाना काकोरी और थाना दुबग्गा की संयुक्त पुलिस टीम ने राजस्व विभाग के साथ मिलकर यह बड़ी कार्रवाई की। अभियुक्त नीरज यादव उर्फ पुजारी के विरुद्ध पहले से ही थाना ठाकुरगंज में यू०पी० गैंगस्टर एक्ट की धाराओं के तहत मुकदमा (मु0अ0सं0 221/25) पंजीकृत है।
विवेचना में यह बात स्पष्ट हुई कि अभियुक्त नीरज यादव ने यह संपत्ति अपने आर्थिक और भौतिक लाभ हेतु आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देकर अर्जित की थी। अपराधियों का मुख्य उद्देश्य अपराध के बल पर संपत्ति अर्जित करना और समाज में अपनी धमक बनाना होता है, जिस पर यह कुर्की एक सीधा प्रहार है।
संपत्ति कुर्की की यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश गिरोहबन्द एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम 1986 की धारा 14(1) के तहत की गई है। माननीय न्यायालय, पुलिस आयुक्त लखनऊ द्वारा वाद संख्या 02/2025 में दिनांक 13.10.2025 को ही कुर्की किए जाने का आदेश पारित कर दिया गया था।
न्यायालय के आदेश का अक्षरशः पालन करते हुए, संयुक्त टीम आज ग्राम बरावन कलां पहुंची जहां स्थित खाता सं0 448 और खाता सं0 048 खसरा 552 में अपराध से अर्जित कुल 5000 वर्गफुट भूमि को औपचारिक रूप से कुर्क कर लिया गया। कुर्की की इस कार्रवाई ने यह संदेश स्पष्ट कर दिया है कि अपराध से अर्जित कोई भी संपत्ति सुरक्षित नहीं रहेगी।
यह कार्रवाई लखनऊ पुलिस की अपराध और अपराधियों के प्रति जीरो टॉलरेंस शून्य सहिष्णुता की नीति को दर्शाती है। पुलिस का स्पष्ट मानना है कि जब तक अपराधियों के आर्थिक स्रोतों पर चोट नहीं की जाएगी, तब तक अपराध की कमर तोड़ना मुश्किल है।
लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट ने दोहराया है कि भविष्य में भी गैंगस्टर और माफियाओं द्वारा अवैध रूप से अर्जित की गई हर संपत्ति की पहचान कर, उसे जब्त करने की कार्रवाई इसी तेज़ी से जारी रहेगी।


