
संवाददाता देवेंद्र तिवारी
उन्नाव।।नवाबगंज में पर्यावरणीय शिक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
ग्राम प्रधानों व कृषकों को रासायनिक उर्वरकों के कम प्रयोग की सलाह दी गई।
विशेषज्ञों ने उर्वरकों के अधिक उपयोग से होने वाले नुकसान बताए।
डॉ. राजीव वर्मा ने जैविक खेती अपनाने के लिए प्रेरित किया।
गंगा किनारे हो रही जैविक खेती के सफल उदाहरण साझा किए गए।
जिला कृषि अधिकारी शशांक ने गौ आधारित प्राकृतिक खेती पर जोर दिया।
जीवामृत, घनजीवामृत व नीम ऑयल के उपयोग के फायदे बताए गए।
नवाबगंज गौशाला में जीवामृत तैयार कर प्रदर्शन भी किया गया।
वर्मी कम्पोस्ट व गोबर से पेंट बनाने की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में किसानों ने टिकाऊ खेती अपनाने का संकल्प लिया।



