
संवाददाता इरफान कुरैशी,
लखनऊ। लखनऊ पुलिस ने एक बार फिर अपनी कार्यकुशलता और संवेदनशीलता का परिचय दिया है। राजधानी के दुबग्गा थाना क्षेत्र से लापता हुई तीन वर्षीय मासूम बच्ची, किट्टू, को पुलिस टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद शनिवार को सकुशल बरामद कर लिया। बच्ची के वापस मिलने पर जहाँ माता-पिता की आँखों में खुशी के आँसू छलक पड़े, वहीं पुलिस के मानवीय चेहरे ने सबका दिल जीत लिया।
मिली जानकारी के अनुसार, हरदोई जिले के संडीला निवासी राम लखन वर्तमान में दुबग्गा, लखनऊ में रह रहे हैं। उनकी 3 वर्षीय पुत्री किट्टू 25 फरवरी 2026 को अचानक घर के पास से लापता हो गई थी। परिजनों की शिकायत पर कोतवाली दुबग्गा में मुकदमा संख्या 0063/2026 धारा 137(2) BNS के तहत पंजीकृत किया गया था।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस उपायुक्त (पश्चिम) के निर्देशन में दुबग्गा पुलिस और क्राइम टीम की एक संयुक्त टीम गठित की गई। जांच के दौरान। पुलिस ने क्षेत्र के सैकड़ों सीसीटीवी (CCTV) फुटेज खंगाले। आईटीआईएमएस (ITMS) कैमरों की मदद ली गई। टीम ने बच्ची की फोटो के साथ घर-घर जाकर पूछताछ की।
अंततः, कड़ी मेहनत रंग लाई और पुलिस ने बच्ची को ग्राम सैथा से सकुशल बरामद कर लिया। सीसीटीवी फुटेज से पता चला कि बच्ची रास्ता भटक कर घर से काफी दूर निकल गई थी। चूंकि बच्ची बहुत छोटी थी, वह अपना नाम या घर का पता बताने में असमर्थ थी, जिससे पुलिस के सामने चुनौती और बढ़ गई थी।
बच्ची को पाकर पिता राम लखन और माँ रूबी की खुशी का ठिकाना न रहा। इस सुखद मिलन को और भी यादगार बनाने के लिए पुलिस टीम ने संवेदनशीलता दिखाते हुए होली के उपहार के रूप में बच्ची को नए कपड़े और मिठाइयां (गुझिया) भेंट कीं।
इस सफल रेस्क्यू ऑपरेशन में मुख्य रूप से दुबग्गा थाना प्रभारी श्रीकांत राय, उप-निरीक्षक धीरज भारद्वाज, संतोष कुमार सिंह, बृजेन्द्र पाण्डेय और क्राइम टीम से रंजीत कुमार सिंह, अंकित बालियान सहित कई जवानों ने अहम भूमिका निभाई। स्थानीय निवासियों और बच्ची के परिजनों ने लखनऊ पुलिस के इस त्वरित एक्शन और मानवीय व्यवहार की जमकर प्रशंसा की है।




