
उन्नाव। जिले में रील बनाने का जुनून अब युवाओं के सिर चढ़कर बोल रहा है, जो अक्सर कानून की सीमाओं को लांघने का कारण बन रहा है। ताजा मामला अचलगंज थाना क्षेत्र से सामने आया है, जहाँ एक युवती का बंदूक के साथ वीडियो सोशल मीडिया पर जंगल की आग की तरह फैल रहा है। हाथों में अवैध असलहा या लाइसेंसी हथियार लेकर टशन दिखाना अब इस युवती के लिए भारी पड़ने वाला है, क्योंकि वीडियो का संज्ञान लेते हुए उन्नाव पुलिस ने जांच के चक्रव्यूह को तेज कर दिया है।
अचलगंज थाना क्षेत्र की रहने वाली बताई जा रही इस युवती ने कुछ ही सेकंड की एक रील बनाई, जिसमें वह फिल्मी गाने पर हाथ में बंदूक लेकर पोज देती नजर आ रही है। वीडियो में युवती के आत्मविश्वास और हथियार के प्रदर्शन को देखकर ऐसा प्रतीत होता है कि उसे कानून का रत्ती भर भी खौफ नहीं है। जैसे ही यह वीडियो इंस्टाग्राम और फेसबुक पर पोस्ट हुआ, स्थानीय लोगों ने इसे डाउनलोड कर पुलिस को टैग करना शुरू कर दिया। देखते ही देखते यह ‘तमंचा कल्चर’ का नया उदाहरण बन गया।
वीडियो वायरल होने के बाद उन्नाव पुलिस महकमे में हलचल मच गई। पुलिस अधीक्षक (SP) के निर्देश पर अचलगंज थाना पुलिस ने तत्काल इस मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस सबसे पहले यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वीडियो में दिख रही बंदूक असली है या खिलौना। यदि बंदूक असली है, तो वह किसकी है? क्या वह लाइसेंसी है या अवैध? पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शस्त्र प्रदर्शन करना न केवल आर्म्स एक्ट का उल्लंघन है, बल्कि यह समाज में गलत संदेश भी फैलाता है।
सूत्रों की मानें तो यदि यह बंदूक घर के किसी बड़े सदस्य की लाइसेंसी हथियार निकली, तो उस पर भी गाज गिर सकती है। नियमानुसार, लाइसेंसी शस्त्र का प्रदर्शन सार्वजनिक रूप से या सोशल मीडिया पर करना वर्जित है। ऐसी स्थिति में शस्त्र लाइसेंस निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। ‘ट्रुथ इंडिया टाइम्स’ से बातचीत में एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया, “सोशल मीडिया पर हथियारों का प्रदर्शन अपराध की श्रेणी में आता है। हम युवती की पहचान कर रहे हैं और जल्द ही उचित विधिक कार्रवाई की जाएगी।”
हथियारों के साथ रील बनाने का यह कोई पहला मामला नहीं है। अक्सर देखा गया है कि रील बनाने के चक्कर में अनजाने में गोली चल जाती है, जिससे गंभीर हादसे हो जाते हैं। उन्नाव में बढ़ते इस ट्रेंड ने अभिभावकों और प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। रील के माध्यम से ‘गैंगस्टर’ या ‘दबंग’ दिखने की चाहत युवाओं के भविष्य को सलाखों के पीछे धकेल रही है।


