
उन्नाव। उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले में तेज रफ्तार और अज्ञात वाहनों का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। सोहरामऊ थाना क्षेत्र में बुधवार देर रात एक भीषण सड़क हादसे ने दो परिवारों के चिराग बुझा दिए। भल्लाफॉर्म-अशोहा मार्ग पर एक अज्ञात वाहन ने मोटरसाइकिल सवार दो युवकों को ऐसी जोरदार टक्कर मारी कि दोनों की मौके पर ही सांसें थम गईं। मृतक ई-कॉमर्स कंपनी ‘फ्लिपकार्ट’ के कर्मचारी बताए जा रहे हैं। पुलिस अब सीसीटीवी (CCTV) फुटेज के जरिए उस ‘कातिल’ वाहन की तलाश में जुटी है।
देर रात मौत बनकर आया अज्ञात वाहन
हादसा बुधवार की देर रात उस वक्त हुआ जब सड़कों पर सन्नाटा पसरा था। सोहरामऊ थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम सरायजोगा मोड़ के पास से गुजर रहे राहगीरों की नजर सड़क पर लहूलुहान पड़े दो युवकों और उनकी क्षतिग्रस्त मोटरसाइकिल पर पड़ी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि मोटरसाइकिल के परखच्चे उड़ गए थे और दोनों युवक सड़क से काफी दूर जा गिरे थे।
सूचना मिलते ही सोहरामऊ थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने मानवता दिखाते हुए बिना समय गंवाए दोनों घायलों को नजदीकी अस्पताल पहुंचाया, लेकिन अनहोनी को कुछ और ही मंजूर था। डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद दोनों को ‘मृत’ घोषित कर दिया।
मृतकों की पहचान: खुशियों वाले घर में मातम
पुलिस की शुरुआती जांच में मृतकों की पहचान अशोहा थाना क्षेत्र के ग्राम कांथा निवासी विशाल सिंह (22) पुत्र लखन सिंह और सचिन सिंह (44) पुत्र वीरेंद्र सिंह के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, दोनों युवक फ्लिपकार्ट कंपनी में काम करते थे और काम के सिलसिले में ही कहीं जा रहे थे।
जैसे ही पुलिस ने कांथा गांव में उनके परिजनों को इस हृदयविदारक घटना की सूचना दी, पूरे गांव में सन्नाटा पसर गया। जवान बेटों की मौत की खबर सुनते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। एक ही गांव के दो व्यक्तियों की मौत से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।
अंधेरा और संकरी सड़क बनी काल
सरायजोगा मोड़ के पास हुए इस हादसे ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा के दावों की पोल खोल दी है। स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि भल्लाफॉर्म-अशोहा मार्ग पर स्थित यह मोड़ बेहद संकरा है। रात के समय यहाँ स्ट्रीट लाइट की कोई व्यवस्था नहीं रहती, जिसके कारण वाहन चालकों को मोड़ का अंदाजा नहीं मिल पाता। ग्रामीणों का कहना है कि पूर्व में भी इस स्थान पर कई छोटे-बड़े हादसे हो चुके हैं, लेकिन प्रशासन ने सुरक्षा के कोई पुख्ता इंतजाम नहीं किए।
पुलिस की कार्रवाई: CCTV खंगालने में जुटी टीमें
सोहरामऊ पुलिस ने दोनों शवों का पंचनामा भरकर उन्हें पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। पुलिस के लिए सबसे बड़ी चुनौती उस अज्ञात वाहन की पहचान करना है जिसने इन दो युवाओं को मौत की नींद सुला दिया।
थाना प्रभारी ने बताया कि घटनास्थल के आसपास और मार्ग पर पड़ने वाले पेट्रोल पंपों व दुकानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज निकाली जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि रात के समय उस मार्ग से गुजरने वाले वाहनों के डेटा और फुटेज के आधार पर आरोपी चालक को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
सुरक्षा को लेकर उठते सवाल
इस हादसे ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि रात के समय सड़कों पर दौड़ते अनियंत्रित और अज्ञात वाहनों पर लगाम कैसे लगेगी? स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि सरायजोगा मोड़ जैसे खतरनाक ब्लैक स्पॉट्स पर संकेतक (Signboards) लगाए जाएं और प्रकाश की समुचित व्यवस्था की जाए ताकि भविष्य में किसी और का घर न उजड़े।



