
जिला संवाददाता देवेंद्र तिवारी
उन्नाव। नए साल 2026 के आगमन में अब चंद घंटे ही शेष हैं, ऐसे में जश्न की आड़ में खलल डालने वाले शरारती तत्वों और अपराधियों के मंसूबों को नाकाम करने के लिए उन्नाव पुलिस ने पूरी ताकत झोंक दी है। सुरक्षा व्यवस्था की हकीकत परखने के लिए पुलिस अधीक्षक (SP) जय प्रकाश सिंह खुद सड़कों पर उतर आए हैं। सोमवार, 30 दिसंबर की शाम ठीक 5:30 बजे, जब पूरा शहर घर लौटने की जल्दी में था, एसपी ने शुक्लागंज के सबसे संवेदनशील माने जाने वाले गंगाघाट थाना क्षेत्र के पोनी मोड़ पर चल रही चेकिंग का औचक निरीक्षण कर पुलिस महकमे में खलबली मचा दी।
एसपी के अचानक पहुँचने से ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों में हड़कंप मच गया। कप्तान ने न केवल चेकिंग की स्थिति देखी, बल्कि खुद खड़े होकर संदिग्ध वाहनों की तलाशी भी करवाई। उनका संदेश साफ है— उन्नाव की सड़कों पर कानून का राज चलेगा, जश्न का मतलब अराजकता कतई नहीं है।
पोनी मोड़ पर ‘दबिश’: एसपी ने खुद परखा सुरक्षा घेरा
शुक्लागंज और गंगाघाट का इलाका कानपुर की सीमा से सटा होने के कारण सुरक्षा के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है। यहाँ से भारी मात्रा में वाहनों का आवागमन होता है। एसपी जय प्रकाश सिंह ने पोनी मोड़ पर पहुंचकर वहां मौजूद पुलिस बल की सतर्कता को बारीकी से जांचा। उन्होंने देखा कि पुलिसकर्मी आने-जाने वाले दोपहिया और चारपहिया वाहनों को किस तरह चेक कर रहे हैं।
निरीक्षण के दौरान एसपी ने पाया कि कुछ स्थानों पर चेकिंग में ढिलाई थी, जिस पर उन्होंने तत्काल नाराजगी जताते हुए ऑन-ड्यूटी अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। उन्होंने निर्देश दिया कि चेकिंग केवल औपचारिकता नहीं होनी चाहिए, बल्कि हर संदिग्ध व्यक्ति की आंखों में पुलिस का खौफ दिखना चाहिए।
“लापरवाही की तो खैर नहीं”: थाना प्रभारियों को अल्टीमेटम
निरीक्षण के बाद एसपी ने प्रभारी निरीक्षक गंगाघाट को मौके पर ही सख्त हिदायत दी। उन्होंने कहा कि नववर्ष के दौरान भीड़भाड़ बढ़ना स्वाभाविक है, लेकिन इसी भीड़ का फायदा उठाकर असामाजिक तत्व शहर की शांति भंग करने की कोशिश कर सकते हैं।
एसपी के प्रमुख निर्देश:
सघन तलाशी: हर संदिग्ध चारपहिया वाहन की डिक्की और दोपहिया वाहनों के कागजातों की सघन जांच हो।
अवैध गतिविधियों पर रोक: शराब पीकर वाहन चलाने वालों (Drink & Drive) के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाए।
हुड़दंगियों पर नकेल: बिना कारण सड़कों पर मटरगश्ती करने वाले युवाओं और स्टंट करने वालों को सीधे थाने लाया जाए।
अवैध तस्करी: नए साल पर अवैध शराब और ड्रग्स की सप्लाई रोकने के लिए बैरियर पॉइंट पर 24 घंटे की मुस्तैदी रहे।
कानपुर-उन्नाव बॉर्डर पर ‘हाई अलर्ट’
शुक्लागंज गंगाघाट क्षेत्र कानपुर का प्रवेश द्वार है। नए साल पर अक्सर लोग कानपुर से उन्नाव के ढाबों और पार्टी स्पॉट्स पर आते हैं। एसपी ने निर्देश दिया कि बॉर्डर पर विशेष पिकेट तैनात की जाए और हर बाहर से आने वाले वाहन का रिकॉर्ड रखा जाए। उन्होंने असामाजिक तत्वों, पुराने अपराधियों और हाल ही में जेल से छूटे बदमाशों की गतिविधियों पर पैनी नजर रखने को कहा है।
हेलमेट और कागजात: सख्ती के साथ सुरक्षा
चेकिंग अभियान के दौरान केवल सुरक्षा ही नहीं, बल्कि ट्रैफिक नियमों का भी कड़ाई से पालन कराया जा रहा है। पुलिस बल ने बिना हेलमेट, बिना सीटबेल्ट और संदिग्ध पहचान पत्र वाले दर्जनों लोगों के चालान काटे। एसपी ने पुलिसकर्मियों से कहा कि वे जनता के साथ मर्यादित व्यवहार करें, लेकिन सुरक्षा के मानकों पर कोई समझौता न करें।
आम जनता ने ली राहत की सांस
पुलिस की इस बढ़ती सक्रियता और खुद कप्तान के सड़कों पर उतरने से आम नागरिकों में सुरक्षा का भाव जागा है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि नए साल की पूर्व संध्या पर अक्सर सड़कों पर हुड़दंग होता था, लेकिन इस बार पुलिस की मुस्तैदी देखकर लग रहा है कि माहौल शांत रहेगा।
SP की अपील: “पुलिस का सहयोग करें, सुरक्षित रहें”
निरीक्षण के अंत में एसपी जय प्रकाश सिंह ने जिले की जनता से अपील की कि वे नए साल का जश्न शालीनता से मनाएं। उन्होंने कहा, “पुलिस आपकी मित्र है और आपकी सुरक्षा के लिए ही तैनात है। यदि कहीं भी कोई संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति दिखाई दे, तो तुरंत 112 या स्थानीय थाने को सूचित करें। शांतिपूर्ण उत्सव मनाना हम सबकी जिम्मेदारी है।”
एसपी जय प्रकाश सिंह का यह औचक निरीक्षण बताता है कि उन्नाव पुलिस इस बार ‘स्लो मोड’ में नहीं है। पोनी मोड़ से लेकर गंगाघाट के हर कोने तक पुलिस की पैनी नजर है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि पुलिस की यह मुस्तैदी 31 दिसंबर की रात को कितनी प्रभावी साबित होती है, लेकिन कप्तान की इस धमक ने अपराधियों और हुड़दंगियों को अंडरग्राउंड होने पर मजबूर जरूर कर दिया है।



