जिला संवाददाता देवेंद्र तिवारी
उन्नाव। उन्नाव के आसीवन क्षेत्र में दलित किशोरी से छेड़छाड़ और उसके परिजनों से मारपीट के मामले में कार्रवाई न होने से आक्रोशित पीड़ित पक्ष ने सोमवार को लखनऊ के गोल्फ कोर्स चौराहे पर सामूहिक आत्मदाह का प्रयास किया। आसीवन निवासी जगदीश यादव अपने परिवार के आठ सदस्यों के साथ यहां पहुंचे और खुद पर व परिजनों पर पेट्रोल उड़ेल लिया। मौके पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना पाकर हजरतगंज पुलिस ने तुरंत सभी को समझा-बुझाकर बचा लिया। बाद में आसीवन थाना पुलिस भी लखनऊ पहुंची और सभी को थाने ले जाया गया।
क्या है पूरा मामला
आसीवन थाना क्षेत्र के एक गांव में रहने वाले दलित किसान ने दो दिन पहले पुलिस को दी गई तहरीर में आरोप लगाया था कि वह खेत में परिवार के साथ काम कर रहा था। उसकी 16 वर्षीय बेटी किसी काम से नदी की ओर गई, तभी बुल्लाखेड़ा निवासी सरोज यादव पुत्र कप्तान यादव और उसका साथी रोहित पुत्र प्रताप यादव ने किशोरी को पकड़ लिया।
बेटी के शोर मचाने पर परिवार के लोग दौड़कर वहां पहुंचे, जिसके बाद दोनों युवक पिपरी गांव की ओर भाग निकले। पीड़ित परिवार आरोपियों के घर शिकायत लेकर पहुंचा तो वहां भी महिलाओं समेत कई लोगों द्वारा हमला किया गया। परिजन सहित किशोरी को गंभीर चोटें आईं, जिन्हें सीएचसी से जिला अस्पताल रेफर किया गया।
कई लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज
पीड़ित परिवार की ओर से करन यादव पुत्र प्रताप यादव, माहिर पुत्र ताहिर वजीरखेड़ा निवासी, शैलेन्द्री, सोनी, मोनी, रोशनी पुत्रीगण कप्तान यादव सहित 5–6 अज्ञात लोगों के खिलाफ लाठी-डंडों और घूंसे-लात से मारपीट का मामला दर्ज कराया गया था।
विपक्ष की ओर से भी थाने में तहरीर दी गई थी, लेकिन परिवार का आरोप है कि उनकी सुनवाई नहीं हुई, जिसके बाद वे न्याय की मांग को लेकर लखनऊ पहुंचे और आत्मदाह का प्रयास किया।
थाना प्रभारी अखिलेश चंद्र पांडेय ने बताया कि किशोरी के पिता की तहरीर के आधार पर नौ नामजद महिला-पुरुषों समेत कुल 14 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि लखनऊ में आत्मदाह का प्रयास करने वाले परिवार ने इस संबंध में पहले कोई अलग तहरीर नहीं दी थी।
पुलिस मामले की जांच कर रही है और दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं।



