
जिला संवाददाता देवेंद्र तिवारी
उन्नाव।। पुलिस ने गदनखेड़ा बाईपास ओवरब्रिज पर एक बड़े ऑपरेशन को अंजाम देते हुए परिवहन विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ मिलकर अवैध उगाही करने वाले एक संगठित रैकेट का खुलासा किया है। इस कार्रवाई में दो कारों से पाँच आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं, जिनके पास से 350 ट्रकों की व्हाट्सएप सूची मिली है, जिन्हें रिश्वत के बदले ‘नो-चालान’ गारंटी दी जाती थी।
ऑपरेशन: बाईपास पर दो संदिग्ध कारों की घेराबंदी
सूक्ष्म सूचना के आधार पर, उपनिरीक्षक राहुल परमार के नेतृत्व में एक टीम मौके पर पहुँची। गदनखेड़ा बाईपास पर दो संदिग्ध कारों – मारुति फ्राक्स और किआ कैरेन्स – को घेरकर जांच शुरू की गई।
गिरफ्तारियां और बड़े खुलासे
(26) और नियाज अहमद उर्फ अमन (25) समेत कुल पाँच आरोपी गिरफ्तार हुए।
अधिकारियों से गठजोड़: तारिक ने खुलासा किया कि वह ARTO संजीव कुमार, हमराही सिपाही प्रदीप और रंजीत, ARTO प्रतिभा गौतम के हमराही इंद्रजीत, और PTO सैफर किदवई के ड्राइवर सुरेंद्र को प्रति ट्रक ₹2500 की रिश्वत देता था।
हाई-प्रोफाइल कनेक्शन: कानपुर के पूर्व ARTO अम्बुज सिंह के साथ चलने वाले निर्भय सिंह को प्रति ट्रक ₹11,000 दिए जाते थे।
सबूत: तारिक के फोन से 350 ट्रकों की एक व्हाट्सएप सूची मिली, जो चालान से बचने वाले ट्रकों को दर्शाती है
खनन और परिवहन विभाग की मिलीभगत से चलता था नेटवर्क
पूछताछ में सभी अभियुक्तों ने कबूल किया कि वे पिछले दो साल से खनन और परिवहन विभाग की मिलीभगत से यह नेटवर्क चला रहे थे।
गिरोह कानपुर, उन्नाव, महोबा समेत कई जिलों में सक्रिय था और हर महीने ट्रक मालिकों से लाखों रुपये की उगाही करता था।
कड़ी धाराओं में केस दर्ज
सभी अभियुक्तों के खिलाफ थाना कोतवाली सदर, उन्नाव में धारा 59/61(2)/318/303(2) BNS (भारतीय न्याय संहिता) और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7(A)/12 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। बरामद वाहनों, नकदी और मोबाइलों को पुलिस लाइन मालखाने में जमा कराया गया।
एसटीएफ का बयान
एसटीएफ उपनिरीक्षक राहुल परमार ने कहा,
यह कार्रवाई ओवरलोडिंग और अवैध खनन के बड़े नेटवर्क का खुलासा है। शासन के निर्देश पर राजस्व चोरी और भ्रष्टाचार में शामिल किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा।”
यह मामला स्पष्ट करता है कि परिवहन विभाग के अधिकारियों, उनके हमराहियों और बाहरी दलालों का एक संगठित नेटवर्क काम कर रहा था। पुलिस अब इस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है।


