
वाराणसी। राहुल गांधी के 56वें जन्मदिन 19 जून को यूथ कांग्रेस ने वाराणसी में उन्हें भगवान परशुराम के रूप में दर्शाया। गंगा किनारे लगे पोस्टर में राहुल के हाथ में फरसा और संविधान की किताब दिखाई गई। दूध अभिषेक व वैदिक मंत्रोच्चार भी हुआ।
ब्राह्मण संगठनों ने राजनेता को देवता रूप में दिखाने को “सनातन का अपमान” कहा। BJP नेताओं ने कड़ी आपत्ति जताते हुए माफी की मांग की।
कांग्रेस का तर्क: परशुराम को “न्याय के प्रतीक” के रूप में दिखाकर संविधान का संदेश दिया गया है।
नोट: वायरल इमेज AI-एडिटेड आर्टवर्क है।


