-आर के श्रीवास्तव: प्रमुख संवाददाता







लखनऊ ,09 अगस्त
उत्तर प्रदेश की माननीया राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने रक्षा बंधन के अवसर पर रामकृष्ण मठ एवं विवेकानन्द पॉलीक्लिनिक एवं आयुर्विज्ञान संस्थान, लखनऊ का किया दौरा।
बेटिया हमेशा से जिम्मेदार एवं कुशल प्रबंधक होती है – राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल।
श्रीरामकृष्ण मठ अध्यक्ष स्वामी मुक्तिनाथानन्द जी महाराज ने राज्यपाल को पुष्प गुच्छ भेँटकर किया स्वागत।
उत्तर प्रदेश की माननीया राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल निराला नगर, लखनऊ स्थित रामकृष्ण मठ के प्रांगण में सायं 5ः00 बजे पहुंची।उनका स्वागत मठ के अध्यक्ष स्वामी मुक्तिनाथानन्द जी महाराज ने गुलाब का पुष्प देकर सम्मानित किया तदोपरान्त स्वामी जी राज्यपाल महोदया को मंदिर में ले गये जहाँ उन्होंने पारम्परिक एवं अध्यात्मिक रूप से भगवान श्री रामकृष्ण, श्री माँ शारदा देवी एवं स्वामी विवेकानन्द जी का पूजन-अर्चन किया तत्पश्चात मठ के प्रेक्षागृह में रामकृष्ण मठ के तत्वाधान में चल रहे गदाधर अभ्युदय प्रकल्प योजना के अंतर्गत पढ़ रहे बच्चें ,जो आर्थिक रूप से पिछड़े हुए है ,उनको महामहिम ने राखी बांधी। यह अवसर वाकई बहुत ही भावपूर्ण था। बच्चे महामहिम के हाथों राखी बंधवाकर बहुत ही उत्साहित दिख रहे थे साथ ही साथ महामहिम द्वारा उन्हें भेट स्वरूप तौलिया, पुस्तक, पेन एवं मिष्ठान भी दिया गया।
उसके पश्चात मठ के अध्यक्ष स्वामी मुक्तिनाथानन्द महाराज ने राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल का सम्मान करते हुए पौधा, श्री माँ शारदा की पुस्तक एवं माँ के ऊपर चढ़ायी गयी साड़ी को प्रसादी के रूप में दिया। महामहिम मठ के इस कार्यक्रम में बच्चों से मिलकर एवं दिये गये उपहार से आत्मविभोर हो गई।
तदुपरान्त वह मठ के दूसरे प्रकल्प विवेकानन्द पॉलीक्लिनिक एवं आयुर्विज्ञान संस्थान पहुँची जहाँ संस्थान के सचिव स्वामी मुक्तिनाथानन्द महाराज ने उनका स्वागत किया। उसके पश्चात फॉयर हॉल में स्वामी विवेकानन्द की 14 फीट ऊंची भव्य प्रतिमूर्ति पर पुष्प अर्पित कर अपना आभार व्यक्त किया उसके पश्चात संस्थान में प्रशिक्षणरत नर्सिग की उपचारिकाओ एवं शिक्षको को अपने सम्बोधन में महामहिम ने सेवा के महत्व के बारे में बताया उन्होंने यह भी कहा कि बेटिया हमेशा से जिम्मेदार एवं कुशल प्रबन्धक होती हैं साथ ही साथ उन्होंने यह भी कहा कि यह सेवा नौकरी से बढकर है।
तदोपरान्त संस्थान के सचिव स्वामी मुक्तिनाथानन्द जी ने महामहिम का सम्मान करते हुए प्रतीक स्वरूप स्वामी विवेकानन्द जी की पुस्तक एव चित्र भेट किया।
महामहिम का यह आगमन एकदम निजी रूप से था। जिसमें उनका उद्देश्य मठ एवं अस्पताल में अध्यनरत छात्र एवं छात्राओँ से मुलाकात करना था। इस अवसर पर संस्थान के साधुवृन्द, अधिकारी, कर्मचारी, नर्सिग प्रधानाचार्या एवं शिक्षक के साथ ही साथ अन्य कर्मचारीगण भी मौजूद थे।
इस अवसर पर संस्थान के सचिव स्वामी मुक्तिनाथानन्द जी ने कहा कि महामहिम का यह दौरा संस्थान के लिए बडे़ गर्व की बात है और उनके आशीर्वचन से संस्थान से जुड़े सभी लोगो के लिए प्रेरणाश्रोत बनेगा।


