जिला संवाददाता देवेंद्र तिवारी
उन्नाव।।शादाब अली की मानवता ने पुत्र लाल सन ऑफ मोहनलाल का जीता दिल खोया मोबाइल मिलते ही चेहरे पर लौटी मुस्कान ईमानदारी का दिया परिचय
उन्नाव खोया मोबाइल वापस मिले तो लौट आई चेहरे की मुस्कान
प्रशासन द्वारा खोई हुई चीज को बरामद कर कर जब किसी को सुपुर्द किया जाता है। तो फेसबुक से लेकर ट्विटर तक खूब सुर्खियां बटोरते हैं लेकिन जब किसी आम जनता के हाथ में कोई चीज लग जाती है तो मिल पाना वह उसको ढूंढ पाना इंसान उम्मीद छोड़ देता है। लेकिन वही आज एक मिसाल शादाब अली ने भी पेश कर डाली अब देखते हैं की कितनी सुर्खियां बटोरते हैं जिनकी ईमानदारी का परिचय लहर गया है।
तकिया चौराहा सफीपुर रोड उत्तराखंड इलेक्ट्रॉनिक हब के प्रोपराइटर शादाब अली जब रात्रि में तकिया चौराहे की और जा रहे थे तभी रात्रि में एक मोबाइल रोड के किनारे पड़ा हुआ दिखाई दिया।
तभी उन्होंने उठाया और उसको ऑन ऑन करने की कोशिश की लेकिन बैटरी ना होने के कारण कुछ पता न चल सका जैसे ही फोन को चार्ज कर कर ऑन किया तभी सुबह होते है उन्होंने फोन कर कर मलिक को ढूंढ निकाला।और उनका डीएल वा मोबाइल बुलाकर उनको सौंप दिया
रोड पर पड़ा मिला लखनऊ । जब भी हमारी कोई अहम चीज खो जाती है तो बड़ी तकलीफ होती है। खासकर अगर मोबाइल जैसा कोई महत्वपूर्ण डिवाइस हो, जिसमें कॉनटैक्ट्स, फोटो जैसी खास चीजें हों। ऐसे में अगर कोई आपको खोया हुआ मोबाइल वापस दिला दे तो खुशी का ठिकाना नहीं रहता।
वहीं ऐसा ही माजरा तकिया चौराहा शादाब अली द्वारा किया गया खुशियों से भरा ऐसे ही नजारा दिखा जब उन्नाव तकिया चौराहा पर उत्तराखंड इलेक्ट्रॉनिक हब के प्रोपराइटर शादाब अली को पुत्तन लाल सन ऑफ मोहनलाल गुरधारी का मोबाइल गुम हो जाता है और रात भर कुछ होश ना रहे फिर सुबह 11:00 बजे फोन अपना शादाब अली से जब लेते हैं तो चेहरे पर खुशी की मुस्कान दौड़ आती है।
उनको सौंपे दिए। वह भी तब जब वे अपने मोबाइल मिलने की उम्मीद छोड़ चुके थे। उन्नाव तकिया चौराहा एक आम जनता है हाथों में जब कोई चीज चली जाती है उसको ढूंढना और मिल पाना बड़ा ही मुश्किल संभव से होता है।ने जनता के बीच अपने विश्वास को मजबूत कर दिखाया है। लेकर जनता कई बातें बिखेरती थी और का शुक्रिया अदा कर रही रही है।
बुलाकर वापस लौटा दिए गए। मोबाइल फोन की अनुमानित कीमत लगभग 20 हजार पाकर उनके मालिक काफी खुश हुए हैं। शुक्रिया कहा है।

