
लखनऊ। उत्तर प्रदेश परिवहन निगम मुख्यालय, लखनऊ में दिनांक 26 मई को आयोजित महत्वपूर्ण वार्ता में परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक और सेंट्रल रीजनल वर्कशॉप कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों के बीच विभिन्न ज्वलंत मुद्दों पर विस्तृत चर्चा हुई। यह वार्ता पूर्व निर्धारित आमरण अनशन की पृष्ठभूमि में हुई, जो कि 28 मई को प्रस्तावित था।
वार्ता में प्रबंध निदेशक ने राष्ट्रीयकृत मार्गों एवं निगम के वाहनों पर लगाए जा रहे अतिरिक्त यात्री कर के संबंध में जानकारी दी कि इस विषय में शासन स्तर पर लगातार अनुरोध किया गया है, और उन्होंने संघठन से भी इस मुद्दे को आगे बढ़ाने का आग्रह किया। साथ ही डग्गामार वाहनों के संचालन पर चिंता व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि ये न केवल राजस्व की क्षति कर रहे हैं, बल्कि हमारे चालकों-परिचालकों से मारपीट जैसी घटनाएं भी हो रही हैं, जो असहनीय हैं। उन्होंने बताया कि डग्गामार के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की योजना बनाई जा रही है, और संघठन से संवैधानिक तरीके से सहयोग मांगा।
रिकवरी के संबंध में उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्यालय के आदेशों के विपरीत जो भी बिना जांच कार्यवाही हो रही है, उसकी समस्त प्रदेश से जानकारी एकत्र कर जांच की जाएगी, और छोटे कर्मचारियों के खिलाफ अनुचित कार्यवाही नहीं होने दी जाएगी। 2001 से संविदा पर कार्यरत कर्मचारियों के नियमितीकरण का मुद्दा भी संघठन द्वारा उठाया गया, जिस पर शीघ्र कार्रवाई का आश्वासन दिया गया।
संघठन ने मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप ‘अटल ग्रामीण परिवहन सेवा’ नाम से उपनगरीय डिपो हर क्षेत्र में दो-दो बनाए जाने का प्रस्ताव दिया, जिनकी दूरी अधिकतम 250 किलोमीटर हो और जिनका किराया 25 प्रतिशत कम रखा जाए। इसके अलावा, संघठन ने यात्रियों की मांग को ध्यान में रखते हुए नॉन स्टॉप सेवाएं संचालित करने का सुझाव दिया, जिसमें बीच में ढाबे पर रुकाव न हो और दूरी कम समय में पूरी की जा सके। चालकों-परिचालकों के लिए भोजन हेतु अतिरिक्त प्रोत्साहन राशि की भी मांग की गई, जिस पर प्रबंध निदेशक ने सकारात्मक विचार का आश्वासन दिया।
संघठन ने प्रबंध निदेशक द्वारा अब तक किए गए प्रयासों — जैसे सरकार से करोड़ों रुपये की सहायता लाना, नई व इलेक्ट्रिक बसें शामिल करना तथा मृतक आश्रितों की भर्ती में सक्रियता — की सराहना की।
वार्ता के फलस्वरूप सेंट्रल रीजनल वर्कशॉप कर्मचारी संघ, उत्तर प्रदेश ने 28 मई को प्रस्तावित आमरण अनशन स्थगित करने की घोषणा की। संघठन के प्रदेश अध्यक्ष त्रिलोकी व्यास और प्रदेश महामंत्री जसवंत सिंह ने बताया कि अगली बैठक के लिए संघठन को पुनः 28 मई को बुलाया गया है।


