
लखनऊ/पीलीभीत, 4 जून। उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष कैंप आयोजित कर अभियान के रूप में शासकीय योजनाओं का लाभ जनसामान्य तक पहुँचाया जाए। उन्होंने यह निर्देश बुधवार को पीलीभीत जनपद के भ्रमण के दौरान जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ आयोजित समीक्षा बैठक में दिए। बैठक में स्वास्थ्य, पोषण, शिक्षा और साक्षरता से जुड़े विभागों को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए दिशा-निर्देश दिए गए।
राज्यपाल ने मुख्य चिकित्साधिकारी को निर्देशित किया कि निजी चिकित्सालयों से प्रसव से जुड़े आंकड़े एकत्र किए जाएं तथा संस्थागत प्रसवों में वृद्धि के लिए ठोस प्रयास किए जाएं। उन्होंने अल्ट्रासाउंड केन्द्रों के नियमित निरीक्षण और 70 वर्ष या उससे अधिक आयु के नागरिकों के लिए विशेष शिविरों के माध्यम से आयुष्मान भारत कार्ड बनवाने के निर्देश भी दिए।
राज्यपाल ने आंगनबाड़ी केन्द्रों एवं विद्यालयों में आवश्यक होम्योपैथिक औषधियों की उपलब्धता सुनिश्चित करने और आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को उनके प्रयोग का प्रशिक्षण देने को कहा। उन्होंने यह भी कहा कि हर माह गर्भवती महिलाओं और बच्चों को पोषाहार का वितरण अनिवार्य रूप से किया जाए, और आंगनबाड़ी केन्द्रों पर पोषण, स्वास्थ्य एवं देखभाल विषयक कार्यशालाएं आयोजित की जाएं। समीक्षा बैठक में यह जानकारी दी गई कि जनपद के कुल 44 आंगनबाड़ी केन्द्रों में से 22 का कायाकल्प कार्य पूर्ण हो चुका है, जबकि शेष पर कार्य प्रगति पर है। राज्यपाल ने छह वर्ष की आयु के सभी बच्चों का अनिवार्य रूप से परिषदीय विद्यालयों में नामांकन सुनिश्चित करने और साक्षरता दर में वृद्धि के लिए प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए। बैठक में जिलाधिकारी ज्ञानेन्द्र सिंह, पुलिस अधीक्षक अभिषेक यादव, मुख्य विकास अधिकारी के.के. सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।



